गुवाहाटी के मेडिकल कॉलेज अस्पताल (GMCH) में 2 नवंबर को डेंगू और वायरल बुखार के बढ़ते मामलों को देखते हुए अस्पताल प्रशासन ने एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की। बैठक में अस्पताल के सीनियर अधिकारियों, चिकित्सा अधीक्षक और वार्ड इंचार्जों ने भाग लिया। उद्देश्य यह सुनिश्चित करना था कि मरीजों को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो और आवश्यक दवाओं तथा बेड की पर्याप्त उपलब्धता बनी रहे।
अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. अभिजीत शर्मा ने जानकारी दी कि वर्तमान में डेंगू और वायरल बुखार के मरीजों के लिए अलग-अलग वार्ड आवंटित किए गए हैं। उन्होंने बताया कि अस्पताल में कुल 1200 बेड हैं, जिनमें से 150 बेड विशेष रूप से डेंगू और वायरल बुखार के मरीजों के लिए आरक्षित हैं। समीक्षा में पाया गया कि फिलहाल 85 बेड पर मरीज भर्ती हैं, जबकि 65 बेड खाली हैं।
दवाओं की उपलब्धता पर चर्चा करते हुए अस्पताल के फार्मेसी विभाग के प्रभारी ने बताया कि पैरासिटामोल, ओआरएस, एंटीबायोटिक्स और डेंगू के इलाज में उपयोग होने वाली आवश्यक दवाओं का पर्याप्त स्टॉक मौजूद है। उन्होंने कहा कि किसी भी दवा की कमी नहीं है और आपातकालीन स्थिति के लिए अतिरिक्त स्टॉक भी मंगाया गया है। अस्पताल प्रशासन ने सभी वार्डों में दवा वितरण की निगरानी के लिए एक समर्पित टीम गठित की है।
समीक्षा बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि अस्पताल में एक विशेष हेल्प डेस्क स्थापित की जाएगी, जहां मरीजों के परिजन बेड और दवाओं की उपलब्धता के बारे में जानकारी प्राप्त कर सकेंगे। इसके अलावा, अस्पताल के सभी डॉक्टरों और नर्सिंग स्टाफ को निर्देश दिए गए हैं कि वे डेंगू के लक्षणों वाले मरीजों को प्राथमिकता दें और तुरंत उपचार शुरू करें।
अस्पताल प्रशासन ने आम जनता से अपील की है कि वे डेंगू से बचाव के उपायों का पालन करें, जैसे मच्छरदानी का उपयोग, पानी जमा न होने देना और बुखार होने पर तुरंत डॉक्टर से परामर्श लेना। अधिकारियों ने भरोसा दिलाया कि अस्पताल में मरीजों के इलाज के लिए सभी आवश्यक संसाधन उपलब्ध हैं और किसी भी स्थिति से निपटने के लिए तैयार हैं।